हरदोई- देखो जागियें! जातियों के ठेकेदार, कूड़ा बीन रहा एक होनहार | Alienture हिन्दी

Breaking

Post Top Ad

X

Post Top Ad

Recommended Post Slide Out For Blogger

Friday, 26 April 2019

हरदोई- देखो जागियें! जातियों के ठेकेदार, कूड़ा बीन रहा एक होनहार

नेकी की दीवार का एक और सफल प्रयास

नेकी की दीवार के कार्यकर्ता बने जरूरतमंदों के मसीहा

हरदोई- फोटो में दिखने वाला 10 साल का शिवा त्रिवेदी है। सदरपुर का रहने वाला है। समय की ऐसी मार पडी कि कल तक माँ बाप की आंखो का तारा आज दर दर की ठोकरे खा रहा है। माँ की मृत्यु और इलाज में खेत तक और मकान तक बिक जाने के बाद अब यह बच्चा अपने लाचार और भूमिहीन पिता श्री रामेन्द्र त्रिवेदी जी के साथ हरदोई की सड़को और कूड़ेदानों से कचरा बीनकर उसे बेचने के बाद जो मिलता है उसी से अपना पेट भर रहा है और हरदोई में सड़क किनारे नाले पर सोता है।यह बात जब नेकी की दीवार के साथियों को पता चली तो भाई शैलेंद्र झां और सचिन मिश्रा जी ने उससे संपर्क किया और सचिन दादा ने उन लोगो को अपने घर पर चलने की बात कही। वक़्त से धोखा खायें और शरीर से लाचार पिता को उन पर विश्वास नही हुआ और बेटे अपनी बांहों मे भर बोले कि अब यही है मेरे पास इसे नही खोना चाहता। फिलहाल इस वक़्त के मारे परिवार को नेकी की दीवार परिवार ने हर संभव मदद देने का बीड़ा उठा लिया है। नेकी की दीवार के प्रयास से पं हरिकृष्ण शर्मा जी ने अपने विद्यालय सेंट कृष्णा सीनियर सेकेंड्री स्कूल जगदीश पुर, हरदोई में इन पिता और बेटे की पूर्ण व्यवस्था कर दी है। जहाँ लडके की शिक्षा पर और भोजन व आवास पर आने वाला पूर्ण व्यय विद्यालय परिवार वहन करेगा,इसके साथ ही पिता के इलाज और जीवनयापन की व्यवस्था श्री हरिकृष्ण जी ने ली है।पर एक पीडा जरुर है कि क्या चुनावों मे जाति के नाम पर एकजुट होने की अपील करने वाले जातियों के ठेकेदारों को इनका दर्द महसूस होगा?इनकी भी जाति है इनकी भी जाति के नाम पर सैकड़ो संगठन है और इस समय तो जातियों के मसीहों की फौज गांव गांव धूल फांकती फिर रही है। क्या जाति के नाम पर चुनाव के समय जाति विशेष के मान, सम्मान और हर परिस्थिति में साथ रहने की ललकार भरने वालों तक इनकी पीडा पहुंच पायेगी?
वैसे यह कोई अकेला बच्चा नही है जो इस तरह की जिंदगी जी रहा है पर शायद कईयों की जिंदगी को बदलने के लिये नेकी की दीवार परिवार की प्रेरणा जरुर बनेगा। शायद हम सभी ऐसे बच्चों के लिए कुछ करने की पूरी योजना बनाएं और अपने संपर्क, सम्बंध और संसाधनो से इस तरह के बच्चों के सपनों को कूड़ेदान मे न खोने दे।गर्व है कि मै नेकी की दीवार परिवार का सदस्य हूं।

No comments:

Post a Comment

Post Top Ad