हाजी फहीम सिद्दीकी: योगी गंगा और गोमती की सफाई से पहले अपने दिल व दिमाग की गन्दगी साफ करें | Alienture हिन्दी

Breaking

Post Top Ad

X

Post Top Ad

Recommended Post Slide Out For Blogger

Tuesday, 26 June 2018

हाजी फहीम सिद्दीकी: योगी गंगा और गोमती की सफाई से पहले अपने दिल व दिमाग की गन्दगी साफ करें

लखनऊ: इण्डियन नेशनल लीग व राष्ट्रीय भागीदारी आन्दोलन के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष हाजी फहीम सिद्दीकी ने अपने कार्यालय विधान सभा मार्ग, लखनऊ से प्रेस रिलीज जारी करते हुए कहा कि प्रधानमन्त्री मोदी ने अपने संसदीय क्षेत्र बनारस में गंगाा की सफाई का शुभ आरम्भ किया था जो कि चार वर्ष के कार्यकाल पूरे होने पर भी सफाई तो दूर, सड़के गडढ़ा मुक्त न हो सकी, गलियों में गंदगी भरी पड़ी है। बिजली, पानी की व्यवस्था भी भ्रष्ट है। जन्ता तृस्त है और मोदी अपने विदेशी दौरों में मस्त रहते है और उन्हीं के पथ पर चलते हुए, उ0प्र0 के मंख्यमंत्री योगी आदित्य नाथ भी गोमती की सफाई का ढ़ोग करने निकल पडे़ है, कई मंत्री, पुलिस अधिेकारी, जिला मजिस्ट्रेट, मेयर, शासन व प्रशाान के कई बड़े अधिकारियों की भीड़ जमा की गयी थी, जन्ता की गाढ़ी कमाई का पैसा इस प्रकार के दिखावे में खर्च किया जा रहा है। इस पर मुख्यमंत्री यह दावा ठोक रहें है कि पिछली सरकारों ने सिर्फ लूट खसोट की है, हर तरफ गुन्डा राज और भ्रष्टाचार था, किसान आत्म हत्या कर रहे थे परन्तु अब हालात बदल गये है, इससे बड़ा झूठ क्या हो सकता है कि उ0प्र0 में हर रोज नाबालिग लड़कियों का अपहरण होरहा है, बलात्कार की धटनायें बढ गई है, किसान पहले से ज्यादा आत्म हत्या कर रहा है, युवाओं के पास रोजगार नहीं है।
हाजी फहीम सिद्दीकी ने कहा कि योगी के राम राज में गुन्डागर्दी इतनी बढ़ गई है कि भाजपा के नेता पुलिस से भी नहीं डरते, उनसे भी दबंगई दिखाते है ट्राफिक पुलिस पर भी अपनी दबंगई दिखाते हुए उन पर हाथ तक उठा लेते हैं। उ0प्र0 की कानून व्यवस्था बिल्कुल ध्वस्थ हो चुकी है दलितों व अल्पसंख्यको पर अत्याचार बढ गये है। सहारनपुर की धटना पूरे देश के सामने है जहाॅ स्वर्णो ने दलितो के घरो को जला डाला जानवरो तक को जख्मी किया, महिलाओं को बेइज्ज्त किया, अभी कुछ दिन पहले ही प्रतापगढ में ठाकुरों का आतंक, दलितों के तीन घरो को आग लगा दिया, एक ट्रेक्टर और कई मोटरसाइकिलों को जलाकर राख कर दिया। उन्नाव की धटना कौन नहीं जानत, अपराधी भाजपा का विधायक कुलदीप सिंह सेंगर को शासन व प्रशासन दोनों ही बचाने का प्रयास करते रहे लेकिन मजबूर होकर गिरफतारी करना पडा, कई स्थानों पर भीड – भेड बन कर मुसमानो पर हमले करती रहती है और उन्हे पीट पीट कर मार डालते है, कभी गऊ तस्करी के इल्जाम में तो कभी गऊ मांस रखने के इल्जाम में, मस्जिदों पर हमले कब्रस्तानों पर कब्जा करना, आदि ही को कानून व्यवस्था का राज कहा जा रहा है तो यही सबसे बडा झूठ है।

No comments:

Post a Comment

Post Top Ad