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Saturday, 1 September 2018

राम ही जाने राम मंदिर की तिथि : योगी आदित्यनाथ

लखनऊ। उत्तर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का कहना है कि उन्होंने अयोध्या के राम मंदिर निर्माण पर लेकर फैसले श्रीराम पर ही छोड़ दिया है। हालांकि इसी के साथ उन्होंने कहा कि जो काम होना है वह कोई टाल नहीं सकता और जो नहीं होना है, उसको कोई कर नहीं सकता है।
राजधानी लखनऊ में एक दैनिक समाचार पत्र के कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राम मंदिर के सवाल पर कहा कि राम मंदिर इसकी तिथि भगवान राम ही तय करेंगे। जो काम होना है वह कोई टाल नहीं सकता और जो नहीं होना है, उसको कोई कर नहीं सकता है। नियति ने जो तय किया है वह होकर रहेगा। सभी को आशावादी होना चाहिए। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि पिछली सरकारें अयोध्या जाने में डरती थी।
कानून व्यवस्था के सवाल पर योगी ने कहा कि हमने आदेश दिया कि अपराधियों के साथ जितनी सख्ती के साथ निपटा जा सकता है, निपटा जाए, कार्रवाई की गई है, और उसके अच्छे परिणाम आए हैं। फर्जी मुठभेड़ों के सवाल पर उन्होंने ने कहा कि जहां पर एनकाउंटर के नाम पर दुरुपयोग किया गया है, मथुरा, नोएडा या फिर आगरा, बहुत सख्त कार्रवाई हुई है। ऐसे पुलिसकर्मियों पर बर्खास्तगी की कार्रवाई की गई है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कोर्ट में कई ऐसे केस चल रहे हैं जिनकी जरूरत ही नहीं। मुकदमों की संख्या को देखते हुए कुछ केस वापस होने चाहिए। इसलिए हम लोग प्रदेश में 11 कानून समाप्त करने जा रहे हैं। इसमें उच्च न्यायालय की भी सहमति होगी।
एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि कुछ वर्ग में बच्चों को आधुनिक शिक्षा से क्यों वंचित किया जा रहा है, केवल मजहबी शिक्षा तक क्यों सीमित किया जा रहा है। आधुनिक शिक्षा सभी को दी जानी चाहिये। हमने इसलिए मदरसों को आधुनिकीकरण के लिए योजनाएं बनाई है।
सपा-बसपा के गठबंधन पर योगी ने कहा कि प्रदेश में एक ऐसा गठबंधन होने की सूचना है, जिसका न कोई ओर है और न ही कोई छोर है।
किसानो के सवाल पर योगी ने बताया कि हमने प्रदेश के अंदर 20000 से अधिक तालाबों को खुदवाने का काम किया है। गन्ना किसानों के हाथों में 70000 करोड़ रुपए दिए हैं, इस साल 35000 करोड़ गन्ना मूल्य का भुगतान करवा चुका हूं जो 11000 करोड़ रुपए बचा है वह जल्द ही कर दिया जाएगा। इसकी सीमा अक्टूबर तक तय की गई है। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश की जमीन काफी उपजाऊ है, थोड़ी सी मेहनत से काफी लाभ मिल सकता है, हमने पिछले 15-16 महीनों में उत्तर प्रदेश के किसानों के खातों में 100000 करोड़ रुपए से अधिक की धनराशि भेजी है।

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